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Albert Hall Museum: Jaipur का Classic Spot जो आपकों बिल्कुल भी मिस नहीं करना चाहिए

अगर आप जयपुर घूमने आए हैं और कोई ऐसी जगह खोज रहे हैं जहाँ आपको शहर का कल्चर, ट्रेडिशन और कुछ ऐसी कहानियाँ पता चलें जिनके बारे में आम तौर पर कोई नहीं जानता। तो अल्बर्ट हॉल म्यूज़ियम आपके लिए एकदम परफेक्ट जगह है। यह म्यूज़ियम सिर्फ देखने की चीज़ नहीं है, बल्कि यहाँ आपको जयपुर की अनजानी बातें और इतिहास की कहानियों भी देखने को मिलेंगी। इस ब्लॉग में फाइव कलर्स ऑफ ट्रैवल बताएगा कि आपको Albert Hall Museum: Jaipur में किस समय जाना चाहिए और यहाँ की खूबसूरती का पूरा मज़ा कैसे लिया जा सकता है।

कैसे शुरू हुई अल्बर्ट हॉल की कहानी

इस म्यूज़ियम की नींव 6 फ़रवरी 1876 को रखी गई थी, जब प्रिंस ऑफ वेल्स जो बाद में एडवर्ड सप्तम बने वह जयपुर आए थे। इस म्यूजियम को शुरुआत में महाराजा राम सिंह द्वितीय एक टाउन हॉल बनाना चाहते थे, ताकि शहर के काम-काज और आयोजनों के लिए एक बड़ी जगह मिल सके। लेकिन बाद में महाराजा माधो सिंह द्वितीय ने इस सोच को आगे बढ़ाया और इसे आर्ट और हिस्ट्री से जुड़ा एक म्यूज़ियम बनाने का फैसला किया। यही वजह है कि यहाँ राजस्थान का कल्चरा, विरासत और कला की झलक देखने को मिलती है। आखिरकार 1887 में इसके दरवाज़े आम लोगों के लिए भी खोल दिए गए, ताकि हर कोई यहाँ आकर जयपुर की हिस्ट्री को करीब से देख और समझ सके।

Albert Hall Museum Jaipur

Architecture जो पहली नजर में ही सबको भा जाता है

अल्बर्ट हॉल म्यूजियम सिर्फ अंदर रखी शानदार चीजों के लिए ही फॉर्म्स नहीं है, बल्कि इसकी बिल्डिंग भी एक अलग ही अट्रेक्शन है। इसे सैमुअल स्विंटन जैकब ने डिजाइन किया था। जो स्टाइल इसमें इस्तेमाल हुई है, उसे इंडो-सारसेनिक कहते हैं, यानी इसमें राजपूत और मुगल दोनों का टच है। लाल और पीले पत्थर, संगमरमर की खूबसूरत डीटेल्स और दीवारों पर बनी पेंटिंग्स, जिन्हें देखकर ऐसा लगता है कि जैसे आप किसी रॉयल प्लेसेस में खड़े हो। इसके साथ ही आपको हर कोने में कुछ ना कुछ देखने और एडमायर करने को मिलता है।

Albert Hall Museum: Jaipur

म्यूजियम के आपको अंदर क्या-क्या देखने को मिलता है

म्यूज़ियम के अंदर आपको करीब 19–20 हज़ार से भी ज्यादा आर्टिफैक्ट्स देखने को मिलते हैं। लेकिन अगर बात करें सबसे बड़े अट्रेक्शन की, तो वह है यहां रखी इजिप्टियन मम्मी, जिसे टॉलेमिक युग का माना जाता है। इसके अलावा यहां आपको बहुत सारी खास चीज़ें देखने को मिलेंगी, जैसे फारसी कालीन, जयपुर की फेमस ब्लू पॉटरी, पुराने समय के सिक्के, पुराने हथियार, गहने, कपड़े और म्यूज़िकल इंस्ट्रूमेंट्स। हर गैलरी में कुछ ना कुछ नया देखने और सीखने को मिलता है। इसके साथ ही आपको यहां इतिहास और कला की छोटी-छोटी बातें भी जानने को मिलती है। यहाँ घूमते हुए आप महसूस कर सकते हैं कि हर आर्टिफैक्ट् अपने आप में एक कहानी कहता है, और म्यूज़ियम की ये रिचनेस सच में हर विजिटर को कुछ नया एक्सपीरियंस देती है।

Albert Hall Museum: Jaipur

Albert Hall Museum को दिन की बजाए रात में क्यों देखना चाहिए?

Albert Hall Museum: Jaipur

अल्बर्ट हॉल म्यूज़ियम, राम निवास गार्डन के बीच में है। अगर आप भी जयपुर में अल्बर्ट हॉल म्यूजियम देखने जा रहे हैं तो आपको इसे रात में देखना चाहिए क्योंकि जैसे ही शाम ढलती है, महल के चारों ओर लाइटस जलना शुरू हो जाती है और तब इसकी पूरी बिल्डिंग रंग-बिरंगी लाइट्स में चमकने लगती है जो देखने में बहुत ही खूबसूरत लगता है। रात के समय इस महल का हर कोना, हर रंग और हर लाइट एकदम परफेक्ट लगती है।

Albert Hall Museum: Jaipur

अगर आप जयपुर को सिर्फ घूमना नहीं, बल्कि महसूस करना चाहते हैं, तो अल्बर्ट हॉल म्यूज़ियम को अपनी ट्रैवल लिस्ट में ज़रूर शामिल करें। ये जगह हिस्टरी लवर्स, फोटो लवर्स और ट्रेवल्स सबके लिए परफेक्ट है। यहां से आप सिर्फ तस्वीरें नहीं, बल्कि ढेर सारी कहानियां और यादें साथ लेकर लौटते हैं।

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Hello! I Pardeep Kumar

मुख्यतः मैं एक मीडिया शिक्षक हूँ, लेकिन हमेशा कुछ नया और रचनात्मक करने की फ़िराक में रहता हूं।

लम्बे सफर पर चलते-चलते बीच राह किसी ढ़ाबे पर कड़क चाय पीने की तलब हमेशा मुझे ज़िंदा बनाये रखती
है।

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