राष्ट्रीय कॉफ़ी दिवस (National coffee day) हर साल 29 सितंबर को मनाया जाता है। यह दिन सिर्फ कॉफ़ी के स्वाद का जश्न नहीं है, बल्कि यह हमें कॉफी के इतिहास, खेती और कॉफ़ी उद्योग में लगे किसानों और व्यवसायियों के योगदान के बारे में जागरूक करता है। भारत में कॉफ़ी की खेती मुख्य रूप से कर्नाटक, तमिलनाडु और केरल में होती है और यह किसानों के लिए आजीविका का प्रमुख स्रोत है।
इस दिन लोग कॉफ़ी शॉप्स और कैफे में विशेष ऑफर्स का आनंद लेते हैं, वहीं कई संगठन किसानों और कॉफ़ी उद्योग से जुड़े लोगों के सम्मान के लिए कार्यक्रम आयोजित करते हैं। राष्ट्रीय कॉफ़ी दिवस का उद्देश्य न केवल कॉफ़ी के स्वाद और पोषण संबंधी लाभों को उजागर करना है, बल्कि लोगों को यह भी याद दिलाना है कि हर कप कॉफ़ी के पीछे किसानों की कड़ी मेहनत और प्रकृति का योगदान है।

कॉफ़ी सिर्फ एक पेय नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और जीवनशैली का हिस्सा बन चुकी है। यह दिन हमें प्रेरित करता है कि हम कॉफ़ी का आनंद लें। साथ ही, इसके उत्पादन और उद्योग में लगे लोगों का सम्मान करें।
इस प्रकार, राष्ट्रीय कॉफी दिवस स्वाद, संस्कृति और सम्मान का प्रतीक बन चुका है।