Noctourism Trend 2026: रात में घूमने का नया ट्रेंड, जानिए भारत की 5 बेहतरीन जगहें
Noctourism Trend यानी रात के समय पर्यटन करना आज तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि पर्यटक दिन की गर्मी, भीड़भाड़ और ट्रैफिक से बचकर आरामदायक माहौल में घूम सकते हैं। खासकर गर्मियों में रात का मौसम अधिक सुहावना होता है, जिससे यात्रा का अनुभव बेहतर बन जाता है।

रात के पर्यटन से लोगों को प्रकृति को एक नए रूप में देखने का मौका मिलता है। तारों भरा आसमान, मिल्की वे, चांदनी रात और शांत वातावरण ऐसी चीजें हैं जो दिन के समय देखने को नहीं मिलतीं। यही कारण है कि हानले, स्पीति और जैसलमेर जैसे स्थान नोक्टूरिज्म के प्रमुख केंद्र बन रहे हैं।
यह ट्रेंड मानसिक तनाव कम करने में भी मदद करता है। शहरों की भागदौड़ से दूर खुले आसमान के नीचे समय बिताने से मन को शांति मिलती है और प्रकृति के करीब रहने का अवसर मिलता है। कई लोग इसे डिजिटल डिटॉक्स और मानसिक ताजगी का बेहतर तरीका मानते हैं।
नोक्टूरिज्म स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती देता है। होटल, होमस्टे, कैंपिंग साइट, स्थानीय गाइड, परिवहन सेवाओं और छोटे व्यापारियों की आय बढ़ती है। इससे दूर-दराज के पर्यटन स्थलों में रोजगार के नए अवसर पैदा होते हैं।
फोटोग्राफी और सोशल मीडिया कंटेंट बनाने वालों के लिए भी यह बेहद फायदेमंद है। रात में खींची गई तस्वीरें और वीडियो लोगों को आकर्षित करते हैं और यात्राओं को यादगार बनाते हैं। यही वजह है कि नोक्टूरिज्म आने वाले वर्षों में पर्यटन उद्योग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनने की ओर बढ़ रहा है। आज हम आपको पांच ऐसी जगह बताएंगे जहां पर जाकर घूमने का आनंद ले सकते हैं।
1. हानले
अगर आप रात में आसमान के लाखों सितारे और मिल्की वे देखना चाहते हैं तो हानले सबसे बेहतरीन जगहों में से एक है। लद्दाख के इस दूरदराज क्षेत्र में प्रकाश प्रदूषण बेहद कम है, जिससे रात का नजारा अद्भुत दिखाई देता है। दिल्ली से इसकी दूरी लगभग 1,050 किलोमीटर है। यहां पहुंचने के लिए पहले लेह की फ्लाइट लेनी होती है, फिर सड़क मार्ग से हानले जाना पड़ता है। रहने, खाने और आने-जाने का खर्च मिलाकर एक व्यक्ति का 4 से 6 दिन का ट्रिप करीब 25,000 से 45,000 रुपये में पूरा हो सकता है।
2. स्पीति घाटी
हिमाचल प्रदेश की स्पीति घाटी रात के पर्यटन और स्टार गेजिंग के लिए तेजी से लोकप्रिय हो रही है। यहां ऊंचे पहाड़ों के बीच साफ आसमान में असंख्य तारे दिखाई देते हैं। दिल्ली से इसकी दूरी करीब 730 किलोमीटर है। पर्यटक दिल्ली से शिमला या मनाली पहुंचकर सड़क मार्ग से स्पीति जा सकते हैं। यहां कैंपिंग और एस्ट्रोफोटोग्राफी का अलग ही आनंद मिलता है। यात्रा, होटल और भोजन सहित 5 से 7 दिन की यात्रा पर एक व्यक्ति का लगभग 15,000 से 30,000 रुपये तक खर्च आ सकता है।
3. रण ऑफ कच्छ
गुजरात का रण ऑफ कच्छ चांदनी रात में सफेद नमक के रेगिस्तान के कारण बेहद आकर्षक दिखाई देता है। रात के समय यहां का शांत वातावरण और तारों से भरा आसमान पर्यटकों को अनोखा अनुभव देता है। दिल्ली से इसकी दूरी लगभग 1,100 किलोमीटर है। यहां पहुंचने के लिए भुज तक ट्रेन या फ्लाइट ली जा सकती है, जिसके बाद सड़क मार्ग से रण ऑफ कच्छ पहुंचा जाता है। एक व्यक्ति का 3 से 4 दिन का ट्रिप सामान्य तौर पर 12,000 से 25,000 रुपये के बीच पूरा हो सकता है।
4. जैसलमेर
राजस्थान का जैसलमेर नोक्टूरिज्म के लिए देश के सबसे लोकप्रिय स्थलों में शामिल है। थार रेगिस्तान में रात के समय कैंपिंग, लोक संगीत कार्यक्रम और तारों से सजा आसमान पर्यटकों को रोमांचित कर देता है। दिल्ली से जैसलमेर की दूरी लगभग 770 किलोमीटर है। यहां ट्रेन, बस और फ्लाइट के जरिए आसानी से पहुंचा जा सकता है। रेगिस्तान में एक रात बिताना यादगार अनुभव माना जाता है। यात्रा और ठहरने सहित एक व्यक्ति का 2 से 4 दिन का खर्च करीब 8,000 से 20,000 रुपये तक आ सकता है।
5. कूर्ग
कर्नाटक का कूर्ग अपनी हरियाली, शांत वातावरण और प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध है। रात के समय यहां जुगनुओं की चमक और पहाड़ियों के बीच का सुकून पर्यटकों को खास अनुभव देता है। दिल्ली से इसकी दूरी लगभग 2,300 किलोमीटर है। यहां पहुंचने के लिए बेंगलुरु या मैसूर तक फ्लाइट लेकर सड़क मार्ग से कूर्ग जाया जा सकता है। होमस्टे और रिसॉर्ट में ठहरने की अच्छी सुविधाएं उपलब्ध हैं। एक व्यक्ति का 4 से 5 दिन का ट्रिप लगभग 18,000 से 35,000 रुपये में आराम से पूरा हो सकता है।





