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भारतीय इतिहास का गढ़ है ग्वालियर शहर

मंदिरों और किले के लिए मशहूर शहर ग्वालियर मध्य प्रदेश के सबसे प्रतिष्ठित शहरों में से एक है। इस शहर का भारतीय इतिहास में भी बहुत ही महत्वपूर्ण स्थान रहा है। आज के इस ब्लॉग में हम आपको ग्वालियर के बेस्ट विजिटिंग प्लेस के बारे में बताने वाले हैं। तो आईए जानते हैं ग्वालियर के टूरिस्ट प्लेस के बारे में!

ग्वालियर का किला भारत के इतिहास को प्रदर्शित करने वाला यह किला ग्वालियर के सबसे प्रमुख पर्यटन स्थलों में से एक है। इस किले के टॉप पॉइंट से आप पूरे ग्वालियर शहर का नजारा देख सकते हैं। इस किले में एक म्यूजियम भी है जो इतिहास में रुचि रखने वाले लोगों का ध्यान अपनी और खींचता है। अगर आप ग्वालियर फोर्ट घूमना चाहते हैं तो इसके लिए आपको ऑनलाइन टिकट लेना होगा। इसके बाद आप ग्वालियर फोर्ट में इंटर कर सकते हैं। ग्वालियर फोर्ट बहुत हीं बड़ा और विशाल है।

अगर आप ग्वालियर आना चाहते हैं और ग्वालियर फोर्ट घूमना चाहते हैं तो हमारा यह सुझाव रहेगा कि आप गर्मी में यहां जाने से बचें। अगर बात करें ग्वालियर फोर्ट के इतिहास की तो इसका निर्माण राजा मानसिंह तोमर ने करवाया था। उनके बाद कई अन्य राजाओं ने भी इस किले पर राज किया।

ग्वालियर के किले तक पहुंचने के दो रास्ते हैं। पहला उर्वै गेट का और दूसरा गुजारी महल का। किले तक पहुंचने के लिए हमारी ओर से आपको एक सुझाव यह रहेगा कि आप उर्वै गेट से जाएं। क्योंकि अगर आप उर्वै गेट से जाएंगे तो आपको रिक्शा सीधे फोर्ट के पास जाकर उतारेगी। वहीं अगर आप गुजारी महल गेट से जाएंगे तो रिक्शा आपको गेट पर हीं उतार देगी वहां से आपको पैदल चलकर किले तक पहुंचना होगा।

सास बहु टेंपल ग्वालियर फोर्ट के ही नजदीक स्थित है सास बहु टेंपल। यह सुनने में थोड़ा अजीब है लेकिन सच है कि ग्वालियर में एक सास बहू नाम का टेंपल भी है। सास बहु टेंपल को सहस्रबाहु टेंपल भी कहा जाता है। इस मंदिर के दीवारों पर पत्थरों को तराश कर की गई नकाशी बहुत ही सुंदर है। साथ ही इस मंदिर का प्रांगण भी बहुत खूबसूरत है। आप इस मंदिर से पूरे ग्वालियर सिटी का एक बेहतरीन बर्ड व्यू ले सकते हैं। इस मंदिर से आपको ग्वालियर के फोर्ट का व्यू भी दिख जाएगा।

गुरुद्वारा श्री दाता बंदी छोड़ साहिब (Gurdwara Shri Data Bandi Chhor Sahib)

ग्वालियर में श्री दाता बंदी छोड़ साहिब गुरुद्वारा भी है जो सिखों के छठे गुरु हरगोविंद साहब को समर्पित है। इस गुरुद्वारा का इतिहास मुगल इतिहास से जुड़ा हुआ है। यह गुरुद्वारा बहुत ही बड़ा और खूबसूरत है। अगर आप ग्वालियर जा रहे हैं तो आपको इस जगह पर जरूर जाना चाहिए।

बटेश्वर ग्वालियर के सबसे खूबसूरत जगहों में से एक है, जहां आपको कई सारे छोटे-छोटे मंदिरों के समूह देखने को मिलेंगे। इन मंदिरों के बारे में बताया जाता है कि इनका निर्माण भूतों द्वारा करवाया गया है। इन छोटे-छोटे मंदिरों के भीतर शिवजी की प्रतिमा है वही मंदिर के बाहर नंदी विराजमान हैं। यहां आपको एक हीं तरह के दिखने वाले कई सारे मंदिर देखेंगे। जिनकी नक्काशियाँ भी बिल्कुल एक जैसी हीं हैं। इस जगह पर आकर आपको ऐसी वाइब आएगी कि आप किसी प्रॉपर हिस्टोरिकल प्लेस को देख रहे हैं।

गढ़ी पढ़ावली एक किला है जो ग्वालियर के हिस्टोरिकल प्लेसेस में से एक है। गढ़ी पढ़ावली के दीवारों पर की गई नक्काशियों को देखकर आप यह सोचने पर मजबूर हो जाएंगे कि आज से हजारों साल पहले बिना उन्नत तकनीक के कैसे लोग इस तरह की नक्काशी कर लिया करते थे। गढ़ी पढ़ावली ग्वालियर का एक प्रसिद्ध मंदिर है। जिसका निर्माण 10वीं शताब्दी में करवाया गया था। अगर आप ग्वालियर आ रहे हैं तो इस जगह को विजिट करना ना भूलें।

मितावली यह ग्वालियर का वह स्थान है जिस पर ग्वालियर हमेशा से हीं गर्व करता आया है। मितावली में मंदिरों का एक समूह है जिसका कंस्ट्रक्शन बिल्कुल हमारे पुराने संसद भवन की तरह है। या फिर यूं कहे कि हमारे पुराने संसद भवन को मितावली के मंदिरों के समूह के तर्ज पर ही बनवाया गया था। यहां के मंदिरों में बहुत से देवी देवताओं के प्रतिमाओं को उकेरा गया है और यहां के हर मंदिर के भीतर शिवलिंग स्थापित है। यहां की गई सुंदर नक्काशिययाँ किसी भी पर्यटक के मन को मोह लेने में सक्षम हैं। मितावली के बारे में बताया जाता है कि इस मंदिर का निर्माण 1323 ईस्वी में महाराजा देवपाल ने करवाया था। इस मंदिर के नीचे से बहुत सेआभूषण और मूर्तियां खुदाई में प्राप्त हुए। जिन्हें अब ग्वालियर फोर्ट के म्यूजियम में रखा गया है। इसके साथ हीं मितावली के टॉप पॉइंट से दिखने वाला भी बहुत ही खूबसूरत होता है। जहां दूर-दूर तक आपको ग्वालियर शहर के साथ-साथ ग्रीनरी ही ग्रीनरी देखने को मिलेगी।

कैसे पहुंचे ग्वालियर (How to visit Gwalior)

अगर आप ग्वालियर आना चाहते हैं तो यहां आने के लिए हर तरह के यातायात साधन उपलब्ध हैं। आप परिवहन के तीनों माध्यमों का उपयोग करके ग्वालियर पहुंच सकते हैं। अगर आप बाय रोड ग्वालियर जाना चाहते हैं तो आप बहुत ही आसानी से ग्वालियर जा सकते हैं। क्योंकि ग्वालियर सड़क मार्ग द्वारा देश के अन्य शहरों से काफी अच्छे तरीके से जुड़ा हुआ है। आसपास के शहरों से आप बाय बस भी ग्वालियर आसानी से आ सकते हैं। अगर बात करें रेलवे स्टेशन की तो ग्वालियर का अपना एक रेलवे स्टेशन है जहां भारत के कोने-कोने से ट्रेन आती और जाती हैं। ग्वालियर में एक एयरपोर्ट भी है। लेकिन वर्तमान समय में यहां कुछ ही शहरों से फ्लाइट आती जाती हैं। अगर आपके शहर से ग्वालियर की डायरेक्ट फ्लाइट नहीं है तो आप कनेक्टिंग फ्लाइट के जरिए ग्वालियर आ सकते हैं।

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