Night Tourism का नया हब है उदयपुर, रोशनी में नहाए ये 5 स्पॉट्स मोह लेंगे आपका मन
BY Dr. Pardeep Kumar
June 24, 2026
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क्या आपने कभी किसी शहर को रात के अंधेरे में जागते हुए देखा है? दिन ढलते ही राजस्थान का झीलों का शहर उदयपुर एक नई दुनिया में बदल जाता है। Night Tourism के सबसे लोकप्रिय स्पॉट्स में से एक उदयपुर दिन में जितना आकर्षक दिखाई देता है, रात के समय उसकी सुंदरता कई गुना बढ़ जाती है। सूर्यास्त के बाद जैसे ही शहर रोशनी की चादर ओढ़ता है, झीलों का शांत पानी, जगमगाते महल और ऐतिहासिक घाट मिलकर ऐसा दृश्य रचते हैं, जिसे देखकर हर पर्यटक मंत्रमुग्ध हो जाता है। यही वजह है कि उदयपुर आज भारत के सबसे लोकप्रिय Night Tourism डेस्टिनेशनों में शुमार हो चुका है।
गणगौर घाट पर महसूस करें Night Tourism का सुकून
उदयपुर की पहचान बन चुके गणगौर घाट की खूबसूरती रात के समय अपने चरम पर होती है। झील किनारे सजी रंग-बिरंगी रोशनियां जब पानी में प्रतिबिंबित होती हैं, तो पूरा वातावरण किसी फिल्मी दृश्य जैसा नजर आता है। घाट की सीढ़ियों पर बैठकर पिछोला झील की शांत लहरों और ठंडी हवाओं का आनंद लेना पर्यटकों के लिए एक यादगार अनुभव बन जाता है। और शायद इसी वजह से उदयपुर आजकल वेडिंग डेस्टिनेशन में टॉप पर है।
रात के अंधेरे में रोशनी से सजा सिटी पैलेस किसी शाही महल की कहानी को जीवंत करता हुआ प्रतीत होता है। इसकी भव्य वास्तुकला और सुनहरी रोशनी दूर से ही लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लेती है। झील किनारे खड़े होकर जब इस महल की चमक को निहारा जाता है, तो यह अनुभव हमेशा के लिए यादों में बस जाता है।
आमराई घाट से दिखता है रोशनी में नहाया लेक पैलेस
यदि आप उदयपुर की सबसे खूबसूरत नाइट व्यू देखना चाहते हैं, और Night Tourism का मजा लेना चाहते हैं तो आमराई घाट जरूर पहुंचिए। यहां से पिछोला झील के बीच स्थित लेक पैलेस, जगनिवास महल और आसपास की ऐतिहासिक इमारतों की सुनहरी रोशनी बेहद आकर्षक दिखाई देती है। झील में झिलमिलाती रोशनियों का प्रतिबिंब पूरे दृश्य को और भी जादुई बना देता है। यही कारण है कि शाम होते ही यहां कैमरों और मोबाइल फोनों में यादें कैद करने वालों की भीड़ जुटने लगती है।
दिनभर की भागदौड़ के बाद यदि सुकून के कुछ पल बिताने हों, तो फतेहसागर झील का किनारा सबसे बेहतरीन विकल्प माना जाता है। रात के समय यहां बहने वाली ठंडी हवाएं, झील पर पड़ती रोशनियों की चमक और शांत वातावरण लोगों को प्रकृति के बेहद करीब ले जाता है। यही वजह है कि स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटक भी यहां देर रात तक समय बिताना पसंद करते हैं। और यही वजह इसे Night Tourism का बेस्ट आप्शन बनाती है.
जगदीश चौक की रौनक रात में देखने लायक
उदयपुर का ऐतिहासिक जगदीश चौक रात के समय जीवंत सांस्कृतिक माहौल का केंद्र बन जाता है। रंगीन लाइटों से सजा यह इलाका पारंपरिक हस्तशिल्प बाजारों, स्थानीय दुकानों और रूफटॉप कैफे के कारण पर्यटकों को खूब आकर्षित करता है। यहां घूमते हुए एक तरफ पुरानी विरासत का एहसास होता है, तो दूसरी ओर आधुनिक पर्यटन की ऊर्जा भी महसूस होती है।
पुराने शहर की गलियां भी बन जाती हैं आकर्षण का केंद्र
हाथीपोल, घंटाघर और पुराने शहर की संकरी गलियां भी रात के समय रोशनी से जगमगा उठती हैं। यहां की हेरिटेज लाइटिंग, ऐतिहासिक इमारतें और पारंपरिक बाजार उदयपुर की सांस्कृतिक विरासत को एक अलग ही अंदाज में प्रस्तुत करते हैं। रात में इन गलियों की सैर शहर के पुराने वैभव और आधुनिक पर्यटन का अनूठा संगम दिखाती है।
क्यों खास है उदयपुर का Night Tourism?
उदयपुर की रातें सिर्फ रोशनी और खूबसूरत नजारों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह शहर सुकून, कल्चर और विरासत का एक अलग ही अहसास देता है। झीलों में उतरती हजारों रोशनियां, महलों की भव्य चमक, घाटों का शांत वातावरण और हवाओं में घुली ताजगी मिलकर ऐसा माहौल बनाती हैं, जिसे देखने के बाद हर टूरिस्ट यही कहता है—“उदयपुर की असली खूबसूरती तो रात में ही दिखाई देती है।”
डॉ. प्रदीप कुमार को मीडिया इंडस्ट्री में 16 वर्षों से अधिक का अनुभव है। उन्होंने डिजिटल मीडिया के साथ-साथ प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में भी सक्रिय रूप से कार्य किया है। वे एक अनुभवी पत्रकार होने के साथ-साथ शिक्षक, लेखक, फोटोग्राफर और डॉक्यूमेंट्री फिल्म मेकर भी हैं। ग्राउंड लेवल की कहानियों को कैमरे और कलम के ज़रिए लोगों तक पहुँचाना उन्हें विशेष रूप से पसंद है। उनकी डॉक्यूमेंट्री फिल्म ‘चाय-चाय’ को इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट डॉक्यूमेंट्री फिल्म अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है।