Virasat Handmade Festival: देशभर की कला एक जगह
अगर आपको हाथ से बनी चीजें, पारंपरिक कपड़े, खूबसूरत ज्वेलरी, घर सजाने का सामान और भारत के अलग-अलग राज्यों की कला एक ही जगह देखना पसंद है, तो दिल्ली में इन दिनों लगा Virasat Handmade Festival आपके लिए घूमने की शानदार जगह हो सकता है। कनॉट प्लेस के पास बाबा खड़क सिंह मार्ग पर आयोजित यह फेस्टिवल सिर्फ खरीदारी करने की जगह नहीं है, बल्कि देश के अलग-अलग हिस्सों से आई पारंपरिक कला और कारीगरी को करीब से देखने का मौका भी देता है।
दिल्ली में अक्सर बड़े-बड़े शॉपिंग मॉल और ब्रांडेड मार्केट्स की बात होती है, लेकिन हाथ से बनी चीजों की अपनी एक अलग पहचान होती है। किसी कपड़े पर की गई हाथ की कढ़ाई हो, पारंपरिक ज्वेलरी हो या फिर किसी कारीगर द्वारा बनाया गया सजावटी सामान, हर चीज के पीछे एक कहानी और मेहनत छिपी होती है।
यही वजह है कि Virasat Handmade Festival उन लोगों के लिए खास बन जाता है, जिन्हें आम बाजारों से हटकर कुछ अलग देखना और खरीदना पसंद है। यह फेस्टिवल 25 अगस्त 2026 से 8 सितंबर 2026 तक आयोजित किया जा रहा है। यहां आने वाले लोगों के लिए सबसे अच्छी बात यह है कि प्रवेश पूरी तरह मुफ्त है। आयोजन सुबह 11 बजे से रात 8 बजे तक खुला रहेगा।
Virasat Handmade Festival 2026 की जरूरी जानकारी
अगर आप जाने का प्लान बना रहे हैं तो पहले इसकी मुख्य जानकारी जान लीजिए। आयोजन का नाम Virasat Handmade Festival है। तारीख 25 अगस्त से 8 सितंबर 2026 तक है। समय सुबह 11 बजे से रात 8 बजे तक है।
स्थान बाबा खड़क सिंह मार्ग, स्टेट एम्पोरिया कॉम्प्लेक्स के सामने, कनॉट प्लेस, नई दिल्ली है। प्रवेश शुल्क बिल्कुल मुफ्त है। नजदीकी मेट्रो स्टेशन राजीव चौक मेट्रो स्टेशन है। यह ब्लू लाइन और येलो लाइन दोनों से जुड़ा हुआ है।
Virasat Handmade Festival खास तौर पर उन लोगों के लिए अच्छा विकल्प हो सकता है जिन्हें शॉपिंग, कला, हस्तशिल्प, हैंडलूम और पारंपरिक चीजों में रुचि है। अगर आप दिल्ली में बिना किसी टिकट के पूरा दिन घूमना चाहते हैं और साथ में कुछ अलग तरह की खरीदारी भी करना चाहते हैं, तो Virasat Handmade Festival अच्छा विकल्प हो सकता है।
यह सिर्फ खरीदारी का मेला नहीं है
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आजकल बाजारों में लगभग हर चीज मशीनों से बनकर आती है। कपड़े हों, सजावटी सामान हो या ज्वेलरी, ज्यादातर चीजें एक जैसी दिखाई देती हैं। लेकिन जब आप किसी हस्तशिल्प मेले में जाते हैं तो वहां चीजों की अपनी अलग पहचान देखने को मिलती है। Virasat Handmade Festival का सबसे बड़ा आकर्षण भी यही है कि यहां भारत की हस्तनिर्मित विरासत को सामने लाने की कोशिश की गई है।
यहां हैंडलूम साड़ियां, पारंपरिक पेंटिंग्स, हस्तशिल्प और हाथ से बने लाइफस्टाइल उत्पाद देखने को मिल सकते हैं। यहां घूमते हुए आपको ऐसी चीजें देखने को मिल सकती हैं जो सामान्य शॉपिंग मॉल में आसानी से नहीं मिलतीं।
हर राज्य की अपनी कला है और हर कला की अपनी अलग कहानी है। कहीं रंगों का काम आपको आकर्षित करेगा तो कहीं बारीक कढ़ाई, लकड़ी का काम या पारंपरिक डिजाइन। इसी वजह से Virasat Handmade Festival उन लोगों के लिए सिर्फ शॉपिंग का अनुभव नहीं, बल्कि भारत की विविध कला को एक जगह देखने का मौका भी है।
ज्वेलरी के शौकीनों के लिए क्यों खास है?
तस्वीरों में दिखाई दे रही खूबसूरत ज्वेलरी को देखकर ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि यहां पारंपरिक डिजाइन पसंद करने वालों के लिए काफी कुछ देखने को मिल सकता है। भारतीय ज्वेलरी की सबसे खास बात यही है कि हर क्षेत्र का अपना अलग डिजाइन और शैली होती है।
कुछ लोगों को भारी पारंपरिक हार पसंद होते हैं, तो कुछ को हल्की और रोजमर्रा में पहनने वाली ज्वेलरी। किसी को चांदी के डिजाइन अच्छे लगते हैं, तो किसी को मोतियों, धागों, पत्थरों और धातु से बनी चीजें पसंद आती हैं। ऐसे आयोजनों की सबसे अच्छी बात यह होती है कि आप खरीदने से पहले अलग-अलग डिजाइन को करीब से देख सकते हैं।
ऑनलाइन तस्वीरों में कोई चीज खूबसूरत लग सकती है, लेकिन असल में उसका आकार, वजन, रंग और डिजाइन देखने का अनुभव अलग होता है। अगर आप आने वाले त्योहारों या शादी के मौसम के लिए कुछ अलग तलाश रहे हैं, तो Virasat Handmade Festival में घूमना आपके लिए अच्छा अनुभव हो सकता है। यहां सिर्फ खरीदारी करने के लिए ही नहीं, बल्कि नए डिजाइन और पारंपरिक कला को समझने के लिए भी जाया जा सकता है।
हैंडलूम और पारंपरिक कपड़ों की दुनिया
भारत का हैंडलूम सिर्फ कपड़ा नहीं बल्कि सदियों पुरानी कला का हिस्सा है। देश के अलग-अलग राज्यों में बुनाई की अपनी अलग तकनीक है। कहीं महीन धागों का काम मिलता है तो कहीं चमकीले रंगों और पारंपरिक आकृतियों का इस्तेमाल किया जाता है। Virasat Handmade Festival में हैंडलूम से जुड़े उत्पाद और पारंपरिक वस्त्र भी आकर्षण का हिस्सा हैं।
अगर आप साड़ी पहनना पसंद करते हैं या घर में किसी के लिए खास तोहफा खरीदना चाहते हैं, तो ऐसी जगहों पर आपको सामान्य बाजारों से अलग विकल्प मिल सकते हैं। यहां घूमते हुए किसी चीज को जल्दी में खरीदने की जरूरत नहीं है।
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अलग-अलग स्टॉल पर जाएं, डिजाइन देखें, कारीगरी को समझें और फिर अपनी पसंद के हिसाब से खरीदारी करें। अगर किसी कपड़े की देखभाल को लेकर जानकारी चाहिए, तो विक्रेता से जरूर पूछें। हाथ से बने कपड़ों में धुलाई और रखरखाव के अलग नियम हो सकते हैं।
घर सजाने वालों के लिए भी है बहुत कुछ
आजकल लोग घर की सजावट के लिए कुछ अलग और व्यक्तिगत चीजें तलाशते हैं। हर कोई नहीं चाहता कि उसके घर में वही सामान्य सजावटी सामान हो जो हर दुकान में दिखाई देता है। हस्तशिल्प मेलों में मिलने वाली चीजों की खासियत यह होती है कि उनमें पारंपरिक कला और हाथ की मेहनत दिखाई देती है। पारंपरिक पेंटिंग्स, सजावटी सामान और हस्तनिर्मित उत्पाद ऐसे लोगों के लिए अच्छे विकल्प हो सकते हैं जो अपने घर को थोड़ा अलग रूप देना चाहते हैं।
Virasat Handmade Festival में अगर आप सिर्फ घूमने के इरादे से भी जा रहे हैं तो घर की सजावट से जुड़े कुछ अनोखे विचार जरूर मिल सकते हैं। जरूरी नहीं कि हर चीज खरीदनी ही हो। कभी-कभी सिर्फ अलग-अलग कलाओं को देखना भी काफी दिलचस्प अनुभव होता है। अगर आप कोई नाजुक सामान खरीदते हैं, जैसे पेंटिंग, मिट्टी की चीज या कांच का सजावटी उत्पाद, तो उसकी पैकिंग के बारे में जरूर पूछें।
क्या यहां परिवार के साथ जा सकते हैं?
बिल्कुल। Virasat Handmade Festival ऐसा आयोजन है जहां आप दोस्तों, परिवार या अकेले भी जा सकते हैं। क्योंकि प्रवेश शुल्क नहीं है, इसलिए आपको पहले से टिकट खरीदने की चिंता भी नहीं करनी होगी। अगर घर में बच्चों को भारतीय कला और हस्तशिल्प के बारे में बताना चाहते हैं तो उन्हें भी ऐसी जगह लेकर जाना अच्छा अनुभव हो सकता है।
किताबों में कला के बारे में पढ़ना और किसी कारीगरी को सामने देखकर समझना दोनों अलग अनुभव हैं। Virasat Handmade Festival में घूमते हुए बच्चे रंगों, डिजाइन और अलग-अलग तरह की कलाओं को देख सकते हैं।
वहीं बड़े लोग अपनी पसंद की खरीदारी कर सकते हैं। अगर बच्चों के साथ जा रहे हैं, तो उन्हें किसी नाजुक वस्तु को बिना अनुमति छूने से रोकें। इससे कारीगरों के काम और दूसरे लोगों की खरीदारी का सम्मान बना रहेगा।
कनॉट प्लेस घूमने का भी बना सकते हैं प्लान
इस आयोजन की एक बड़ी खासियत इसकी जगह है। बाबा खड़क सिंह मार्ग कनॉट प्लेस के बिल्कुल पास है। इसका मतलब है कि आप यहां आने के बाद सिर्फ फेस्टिवल देखकर वापस जाने के बजाय अपना पूरा दिन बाहर घूमने में बिता सकते हैं।
सुबह या दोपहर में Virasat Handmade Festival घूमिए, उसके बाद कनॉट प्लेस की गलियों में टहल सकते हैं। यहां आसपास खाने-पीने की कई जगहें हैं और दिल्ली का यह इलाका खुद घूमने के लिए काफी लोकप्रिय है।
अगर आप फोटोग्राफी या वीडियो बनाते हैं तो भी यह प्लान अच्छा हो सकता है। पहले हस्तशिल्प और पारंपरिक चीजों के खूबसूरत दृश्य रिकॉर्ड करें और फिर कनॉट प्लेस के आसपास घूमकर अपना दिन पूरा करें। अगर आप किताबों में रुचि रखते हैं तो जनपथ और कनॉट प्लेस के आसपास कुछ पुरानी किताबों की दुकानें भी देख सकते हैं।
मेट्रो से कैसे पहुंचें?
दिल्ली में कहीं भी जाने के लिए मेट्रो सबसे आसान साधनों में से एक है और Virasat Handmade Festival तक पहुंचने के लिए भी राजीव चौक मेट्रो स्टेशन सबसे सुविधाजनक विकल्प है। राजीव चौक दिल्ली के सबसे प्रमुख मेट्रो स्टेशनों में से एक है और यह ब्लू तथा येलो लाइन से जुड़ा हुआ है।
अगर आप येलो लाइन से आ रहे हैं तो सीधे राजीव चौक उतर सकते हैं। वहीं ब्लू लाइन से आने वालों के लिए भी यह स्टेशन काफी सुविधाजनक है। मेट्रो से उतरने के बाद कनॉट प्लेस और बाबा खड़क सिंह मार्ग की तरफ पहुंचा जा सकता है।
पहली बार जा रहे हैं तो मोबाइल मैप की मदद ले सकते हैं। मेट्रो स्टेशन से सही निकास द्वार चुनने पर आयोजन स्थल तक पहुंचना आसान हो सकता है। Virasat Handmade Festival की जगह का सबसे बड़ा फायदा यही है कि आपको दिल्ली के किसी दूर-दराज इलाके में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
बस या कार से कैसे पहुंचें?
अगर आप बस से आना चाहते हैं तो कनॉट प्लेस दिल्ली के सबसे अच्छे सार्वजनिक परिवहन वाले इलाकों में से एक है। दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों से कनॉट प्लेस की तरफ बसें चलती हैं। आपको अपने शुरुआती स्थान के हिसाब से कनॉट प्लेस, बाबा खड़क सिंह मार्ग या आसपास के किसी प्रमुख बस स्टॉप तक आने वाली बस देखनी होगी।
हालांकि अगर आप पहली बार जा रहे हैं तो मेट्रो ज्यादा आसान विकल्प हो सकता है। अगर कार से जा रहे हैं तो एक बात ध्यान में रखनी चाहिए कि कनॉट प्लेस दिल्ली के सबसे व्यस्त इलाकों में शामिल है। खासकर शाम और सप्ताहांत के दौरान यहां यातायात और पार्किंग दोनों की समस्या हो सकती है।
अगर आप आराम से घूमना चाहते हैं तो मेट्रो बेहतर विकल्प साबित हो सकती है। लेकिन अगर खरीदारी ज्यादा करनी है और सामान लेकर वापस जाना है, तो कार या कैब से जाना सुविधाजनक हो सकता है। बस कोशिश करें कि भीड़ बढ़ने से पहले पहुंच जाएं।
Virasat Handmade Festival घूमने का सही समय
आयोजन सुबह 11 बजे से रात 8 बजे तक खुला है। अगर आप आराम से स्टॉल देखना चाहते हैं और ज्यादा भीड़ से बचना चाहते हैं तो दोपहर के शुरुआती समय में जाना बेहतर हो सकता है। सप्ताह के दिनों में आमतौर पर सप्ताहांत की तुलना में भीड़ थोड़ी कम रहने की संभावना रहती है।
लेकिन अगर आपको भीड़-भाड़ वाला उत्सव जैसा माहौल पसंद है तो शाम का समय भी अच्छा हो सकता है। शाम के समय आसपास का कनॉट प्लेस भी काफी जीवंत दिखाई देता है। यहां घूमने के लिए दो अच्छे विकल्प हो सकते हैं।
पहला, सुबह 11 बजे के आसपास पहुंच जाएं और आराम से स्टॉल देखें। दूसरा, शाम करीब 4 या 5 बजे जाएं, पहले Virasat Handmade Festival घूमें और उसके बाद कनॉट प्लेस में शाम बिताएं।
कितना समय लेकर जाएं?
अगर आप सिर्फ एक नजर डालकर वापस जाना चाहते हैं तो एक से डेढ़ घंटे काफी हो सकते हैं। लेकिन अगर आपको कला, ज्वेलरी, हैंडलूम और हस्तशिल्प में रुचि है तो कम से कम दो से तीन घंटे लेकर जाएं। जल्दी में ऐसे आयोजनों का मजा कम हो जाता है।
कई बार सबसे अच्छी चीजें छोटे स्टॉल पर मिलती हैं और अगर आप सिर्फ सामने के कुछ स्टॉल देखकर निकल गए तो काफी कुछ छूट सकता है। Virasat Handmade Festival में हर स्टॉल को थोड़ा समय देकर देखना बेहतर रहेगा। आपको किसी डिजाइन में रुचि हो तो उसके बारे में जानकारी भी ले सकते हैं।
यहां क्या-क्या खरीद सकते हैं?
आयोजन की जानकारी के अनुसार यहां मुख्य रूप से हस्तनिर्मित और पारंपरिक उत्पादों को जगह दी गई है। इनमें हैंडलूम साड़ियां, पारंपरिक पेंटिंग्स, हस्तशिल्प और हाथ से बने लाइफस्टाइल उत्पाद शामिल हो सकते हैं। तस्वीरों और आयोजन की प्रकृति को देखते हुए यहां आपको अलग-अलग तरह की ज्वेलरी और पारंपरिक सजावटी वस्तुएं भी देखने को मिल सकती हैं।
खरीदारी करते समय सिर्फ किसी चीज की सुंदरता पर ध्यान न दें। यह भी पूछें कि वह किस सामग्री से बनी है और उसकी देखभाल कैसे करनी है। अगर आप किसी को उपहार देने के लिए खरीद रहे हैं तो हस्तनिर्मित चीजें काफी खास विकल्प हो सकती हैं क्योंकि इनमें एक अलग व्यक्तिगत एहसास होता है।
फोटोग्राफी और वीडियो बनाने वालों के लिए
अगर आप यात्रा और दिल्ली से जुड़ा वीडियो बनाते हैं तो Virasat Handmade Festival आपके लिए अच्छा दृश्य अनुभव दे सकता है। रंग-बिरंगे कपड़े, ज्वेलरी, पेंटिंग्स और हस्तशिल्प से भरे स्टॉल वीडियो में काफी आकर्षक दिखाई देते हैं।
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लेकिन किसी स्टॉल या व्यक्ति का क्लोजअप वीडियो बनाने से पहले अनुमति लेना बेहतर रहेगा। आप यहां से खरीदारी के साथ-साथ एक अच्छा दृश्य अनुभव भी ले सकते हैं। खासकर पारंपरिक कला को कैमरे में कैद करना कंटेंट बनाने वालों के लिए काफी दिलचस्प हो सकता है। अगर किसी कारीगर से बातचीत का मौका मिले, तो उसकी कला और बनाने की प्रक्रिया के बारे में पूछना भी अच्छा रहेगा।
Five Colors of Travel की तरफ से जरूरी टिप्स
- आरामदायक जूते पहनें: कनॉट प्लेस और आयोजन स्थल दोनों जगह घूमते हुए काफी पैदल चलना पड़ सकता है।
- कपड़े का बैग साथ रखें: अगर आपको कोई पसंदीदा चीज मिल जाती है तो खरीदारी का सामान रखने में आसानी होगी और प्लास्टिक बैग की जरूरत भी कम होगी।
- पहले पूरा आयोजन घूमें: शुरुआत में पसंद आई चीज तुरंत खरीदने के बजाय सभी स्टॉल देखकर कीमत और गुणवत्ता की तुलना करें।
- डिजिटल भुगतान के साथ नकद भी रखें: ज्यादातर स्टॉल पर ऑनलाइन भुगतान हो सकता है, लेकिन थोड़ा नकद रखना भी अच्छा विकल्प है।
- कार से जा रहे हैं तो पहले निकलें: कनॉट प्लेस में पार्किंग और ट्रैफिक की परेशानी हो सकती है, इसलिए भीड़ बढ़ने से पहले पहुंचना बेहतर रहेगा।
आखिर क्यों जाना चाहिए Virasat Handmade Festival 2026?
आजकल खरीदारी के लिए ऑनलाइन विकल्पों की कोई कमी नहीं है। घर बैठे हजारों चीजें मोबाइल स्क्रीन पर देखी जा सकती हैं। लेकिन किसी हस्तनिर्मित चीज को सामने देखकर उसकी बारीकियों को समझना एक अलग अनुभव है। Virasat Handmade Festival की यही सबसे बड़ी खासियत है। यहां आप सिर्फ चीजें नहीं देखते, बल्कि भारत की पारंपरिक कला की विविधता को एक जगह महसूस करते हैं।
यह आयोजन खास तौर पर उन लोगों के लिए अच्छा हो सकता है जिन्हें हाथ से बनी चीजें पसंद हैं, जो पारंपरिक ज्वेलरी देखना चाहते हैं, हैंडलूम कपड़ों में रुचि रखते हैं या घर के लिए कुछ अलग खरीदना चाहते हैं। यह उन लोगों के लिए भी अच्छा है जो मुफ्त में दिल्ली में कोई नया स्थान घूमना चाहते हैं या कनॉट प्लेस में एक अलग तरह का दिन बिताना चाहते हैं। दिल्ली में घूमने के लिए हमेशा बड़े स्मारक या महंगे कैफे ही जरूरी नहीं होते।
कभी-कभी किसी कला और हस्तशिल्प मेले में कुछ घंटे बिताना भी शहर को एक अलग नजर से देखने का अनुभव देता है। Virasat Handmade Festival 2026 ऐसा ही एक आयोजन है, जहां खरीदारी, पारंपरिक कला और भारतीय कारीगरी को एक साथ देखने का मौका मिलता है। अगर आप दिल्ली में हैं और 8 सितंबर से पहले कुछ नया घूमना चाहते हैं, तो एक दिन निकालकर यहां जा सकते हैं।
खासकर ज्वेलरी, हैंडलूम, पेंटिंग्स और हस्तशिल्प में रुचि रखने वालों के लिए यह जगह अच्छी साबित हो सकती है। तो इस बार सिर्फ सामान्य शॉपिंग के बजाय कुछ अलग देखने का प्लान बनाइए और भारत की हाथों से बनी खूबसूरत कला की दुनिया को करीब से महसूस कीजिए। Virasat Handmade Festival में आपको शायद ऐसी कोई चीज मिल जाए जो सिर्फ खरीदारी का सामान नहीं, बल्कि किसी कारीगर की मेहनत और कला की खूबसूरत पहचान हो।