Luv Kush Ramlila: लाल किले का भव्य दशहरा मेला
दिल्ली में दशहरा आते ही माहौल कुछ अलग हो जाता है। बाजारों में रौनक बढ़ती है, जगह-जगह सजावट शुरू हो जाती है और शाम होते ही शहर के अलग-अलग हिस्सों में Ramlila की तैयारियां दिखाई देने लगती हैं। लेकिन लाल किले के मैदान में होने वाली लव कुश Ramlila की बात ही अलग है। इस बार यहां सिर्फ रामायण का मंचन ही देखने को नहीं मिलेगा, बल्कि विशाल मंच, मीनाक्षी मंदिर से प्रेरित सजावट, रोशनी, डिजिटल तकनीक और बड़े दृश्य प्रभाव भी देखने को मिलेंगे। 11 अक्टूबर से 21 अक्टूबर 2026 तक Ramlila का मंचन होगा और 20 अक्टूबर को दशहरे के दिन रावण दहन किया जाएगा। अगर आप इस साल दिल्ली में Ramlila देखने का प्लान बना रहे हैं, तो लाल किले का यह आयोजन आपकी घूमने की सूची में जरूर होना चाहिए। चलिए जानते हैं इस बार यहां क्या खास रहने वाला है, कब जाना है, कैसे पहुंचना है और परिवार के साथ जाते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए। लाल किले में कब होगी Ramlila? लव कुश Ramlila कमेटी की ओर से इस साल 11 अक्टूबर से 21 अक्टूबर 2026 तक Ramlila का मंचन किया जाएगा। आयोजन का मुख्य स्थल लाल किला मैदान, दिल्ली है। कमेटी की आधिकारिक वेबसाइट भी लाल किला मैदान को अपने Ramlila Ground के रूप में बताती है। जरूरी तारीखें नोट कर लें—Ramlila का मंचन 11 से 21 अक्टूबर 2026 तक होगा, दशहरा और रावण दहन 20 अक्टूबर 2026 को होगा और स्थान लाल किला मैदान, दिल्ली है। 20 अक्टूबर 2026 को दशहरा है। भारत सरकार के पर्यटन पोर्टल पर भी इस साल दशहरे की तारीख 20 अक्टूबर बताई गई है। इसलिए अगर आपका मुख्य उद्देश्य Ramlila का पूरा मंचन देखना है, तो 11 से 21 अक्टूबर के बीच किसी भी दिन जा सकते हैं। लेकिन अगर आप रावण दहन देखना चाहते हैं, तो 20 अक्टूबर सबसे महत्वपूर्ण तारीख होगी। इस बार Ramlila का मंच होगा सबसे खास इस साल की Ramlila में सबसे ज्यादा चर्चा इसके मंच की हो रही है। लव कुश Ramlila कमेटी के अनुसार, इस बार मंच को मदुरै के प्रसिद्ध मीनाक्षी मंदिर की तर्ज पर तैयार किया जा रहा है। मंच की लंबाई करीब 140 फुट, चौड़ाई 60 फुट और ऊंचाई करीब 45 फुट बताई गई है। मंच को सिर्फ एक साधारण पृष्ठभूमि की तरह नहीं रखा जाएगा। इसे रामायण के अलग-अलग दृश्यों को बड़े स्तर पर दिखाने के लिए तैयार किया जा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक मंच पर करीब 31 फुट ऊंचे कैलाश पर्वत और जंगल के सेट भी तैयार किए जाएंगे। वनवास से जुड़े दृश्यों में भी विशेष दृश्य प्रभाव इस्तेमाल किए जाने की तैयारी है। यानी इस बार Ramlila देखने आने वाले लोगों को पारंपरिक कहानी के साथ एक बड़ा मंचीय अनुभव भी मिलने वाला है। मीनाक्षी मंदिर जैसा मंच क्यों चर्चा में है? दिल्ली की Ramlila में हर साल मंच को अलग रूप देने की कोशिश की जाती है, लेकिन इस बार लाल किले की लव कुश Ramlila में दक्षिण भारत की स्थापत्य कला को मंच का आधार बनाया गया है। मीनाक्षी मंदिर की शैली में तैयार होने वाले इस मंच पर नक्काशी और रंगों के जरिए मंदिर की वास्तुकला की झलक देने की तैयारी है। एक रिपोर्ट के अनुसार मंच निर्माण में दिल्ली के साथ-साथ कोलकाता, मथुरा और वृंदावन के कारीगर भी काम कर रहे हैं। इसका मतलब यह है कि जब आप Ramlila देखने पहुंचेंगे तो मंच सिर्फ पीछे लगा हुआ सेट नहीं लगेगा, बल्कि पूरा दृश्य ही एक बड़े सांस्कृतिक आयोजन जैसा दिखाई दे सकता है। Ramlila में दिखेंगे डिजिटल दृश्य प्रभाव आज के समय में दर्शकों का अनुभव बदल चुका है और इसी वजह से धार्मिक व सांस्कृतिक मंचन में भी तकनीक का इस्तेमाल बढ़ रहा है। लाल किले की इस Ramlila में भी एलईडी रोशनी, मैपिंग, डिजिटल दृश्य प्रभाव और बेहतर ध्वनि व्यवस्था का इस्तेमाल किए जाने की जानकारी सामने आई है। उदाहरण के लिए राम, सीता और लक्ष्मण के वनवास से जुड़े दृश्यों में जंगल का वातावरण तैयार किया जाएगा। केवट द्वारा नाव से नदी पार कराने वाले दृश्य में पानी का आभास देने वाले दृश्य प्रभाव भी इस्तेमाल किए जाने की बात कही गई है। युद्ध के दृश्यों को भी बड़े स्तर पर प्रस्तुत करने की तैयारी है। इस तरह Ramlila में कहानी वही रहेगी, लेकिन उसे दर्शकों के सामने पेश करने का तरीका पहले से ज्यादा तकनीकी और दृश्यात्मक होगा। इस बार Ramlila में कौन-कौन से कलाकार दिखाई देंगे? लव कुश Ramlila की एक और खास बात इसका कलाकारों का चयन रहता है। 2026 के आयोजन के लिए सामने आई जानकारी के अनुसार अभिनेता राजप्रेमी रावण की भूमिका में दिखाई देंगे। वहीं पेंटल कंवरजीत सिंह नारद मुनि की भूमिका निभाएंगे। अभिनेता और गायक शंकर साहनी केवट का किरदार निभाएंगे। इससे Ramlila में पारंपरिक धार्मिक कथा के साथ जाने-पहचाने कलाकारों की प्रस्तुति भी देखने को मिलेगी। हालांकि Ramlila देखने का मुख्य आकर्षण कलाकारों से ज्यादा पूरी कथा और मंचन होता है। इसलिए अगर आप पहली बार जा रहे हैं तो सिर्फ किसी एक कलाकार को देखने के बजाय पूरे आयोजन को अनुभव करने की कोशिश करें। 20 अक्टूबर को होगा रावण दहन Ramlila के पूरे आयोजन का सबसे चर्चित दिन आमतौर पर दशहरा होता है। इस साल 20 अक्टूबर 2026 को दशहरा है और इसी दिन लव कुश Ramlila में रावण दहन किया जाएगा। रावण दहन देखने के लिए हर साल बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं, इसलिए 20 अक्टूबर को सामान्य Ramlila के मुकाबले ज्यादा भीड़ की उम्मीद रखनी चाहिए। अगर आप छोटे बच्चों, बुजुर्गों या परिवार के साथ जा रहे हैं, तो भीड़ को ध्यान में रखकर निकलना बेहतर रहेगा। रावण दहन वाले दिन कब पहुंचें? रावण दहन वाले दिन सबसे बड़ी गलती यह होगी कि आप बिल्कुल आखिरी समय पर पहुंचने की कोशिश करें। दशहरे के दिन Ramlila स्थल के आसपास भीड़ बढ़ सकती है। सड़कों पर यातायात भी सामान्य दिनों से अलग हो सकता है। इसलिए अगर आपका उद्देश्य अच्छे स्थान से आयोजन देखना है, तो पर्याप्त समय लेकर पहुंचना बेहतर रहेगा। विशेष रूप से परिवार के साथ जाने पर एक व्यक्ति को पहले से मिलने की जगह तय कर